म प्र पावर जनरेटिंग कम्पनी द्वारा स्व-अध्ययन एवं उन्नति नीति का शुभारंभ
म प्र पावर जनरेटिंग कम्पनी द्वारा स्व-अध्ययन एवं उन्नति नीति का शुभारंभ

ज्ञात सूत्रों और पी आर ओ एमपी पावर जनरेटिंग कंपनी जबलपुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार
म प्र पावर जनरेटिंग कम्पनी ने अपने कर्मचारियों के सतत् कौशल विकास, ज्ञान संवर्धन एवं शैक्षणिक उन्नयन को बढ़ावा देने हेतु स्व-अध्ययन तथा उन्नति नीति लागू की है। इस नीति के अंतर्गत अब सभी अधिकारी एवं कर्मचारी अपने नियमित कार्यालयीन कर्तव्यों के साथ-साथ कम्पनी के कार्यक्षेत्र से संबंधित विषयों में पार्ट-टाइम, ऑनलाइन अथवा दूरस्थ शिक्षा के माध्यम से प्रमाण-पत्र पाठ्यक्रम (Certificate Courses), डिप्लोमा, डिग्री, एम.टेक., एम.बी.ए., बी.टेक., एल.एल.बी., एल.एल.एम., एम.सी.ए., एवं पीएच.डी. जैसे अनेक शैक्षणिक कार्यक्रमों में प्रवेश ले सकेंगे।
कर्मचारियों को उच्च शिक्षा हेतु प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से कम्पनी ने पाठ्यक्रम शुल्क का अर्द्ध-भुगतान (50% तक, अधिकतम 50000 रु.) करने का प्रावधान भी रखा है। यह सुविधा केवल मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालयों/संस्थानों से किए गए अनुमोदित पाठ्यक्रमों के लिए लागू होगी।
कोर्स में प्रवेश के लिए इच्छुक अधिकारियों व कर्मचारियों को मुख्य अभियंता (मानव संसाधन एवं प्रशासन) को निर्धारित प्रारूप में आवेदन प्रस्तुत करना होगा। इस नीति के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु अधीक्षण अभियंता (प्रशिक्षण) को नीति समन्वयक नियुक्त किया गया है।
म प्र पावर जनरेटिंग कम्पनी स्वयं को एक “लर्निंग ऑर्गेनाइजेशन” मानती है तथा यह अपने कर्मचारियों के व्यावसायिक विकास, ज्ञान विस्तार एवं शैक्षणिक प्रगति के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।
कर्मचारी अपने क्षेत्र से संबंधित नवीनतम तकनीकों, प्रक्रियाओं व प्रबंधकीय दक्षताओं में पारंगत हो सकेंगे, जिससे उनकी कार्यक्षमता और दक्षता में वृद्धि होगी। ऑनलाइन, पार्ट-टाइम व दूरस्थ शिक्षा जैसे विकल्पों के कारण कर्मचारी अपनी ड्यूटी के साथ-साथ पढ़ाई भी कर सकेंगे, जिससे समय व स्थान की बाधाएँ नहीं रहेंगी।
कम्पनी के प्रबंध संचालक श्री मंजीत सिंह ने कहा है कि यह नीति कर्मचारियों में आत्म-प्रेरणा, निरंतर सीखने की प्रवृत्ति और व्यावसायिक उत्कृष्टता की भावना को प्रोत्साहित करती है । नवीन ज्ञान और दृष्टिकोण के कारण कर्मचारी अपने कार्य में नवीन समाधान, तकनीकी सुधार और उच्च गुणवत्ता ला सकेंगे, जिससे कम्पनी के समग्र प्रदर्शन में सुधार होगा।
इस नीति के लागू होने पर कम्पनी के निदेशक द्वय श्री मिनिन्द भदककर , श्री सुबोध निगम व मुख्य अभियंता (मानव संसाधन व प्रशासन) श्री डी के कश्यप ने सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को बधाई दी एवं अधिक संख्या में इस नीति का लाभ उठाने हेतु प्रेरित किया ।
इस नीति को बनाने तथा संचालक मंडल द्वारा अनुमोदित कराने में कम्पनी के मानव संसाधन व प्रशासन संकाय में विशेष भूमिका प्रशिक्षण सेल के समस्त अधिकारियों तथा श्री अरुण चौकसे सहायक अभियंता(आई टी) की रही ।
“व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक उत्कृष्टता” पर प्रशिक्षण कार्यक्रम सम्पन्न
मध्यप्रदेश पावर जनरेटिंग कंपनी, जबलपुर द्वारा अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम “व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक उत्कृष्टता (Personal and Professional Excellence)” विषय पर आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में लगभग 100 अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सहभागिता की, जिन्हें टीम बिल्डिंग, इंटीग्रिटी एवं ओनरशिप तथा वर्क-लाइफ बैलेंस जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
इस प्रशिक्षण सत्र का संचालन भोपाल की प्रसिद्ध कॉरपोरेट ट्रेनर, काउंसलर एवं लाइफ कोच श्रीमती मनीषा आनंद द्वारा किया गया, जिन्होंने प्रतिभागियों को आत्मविकास, जिम्मेदारी और कार्य-जीवन संतुलन के व्यावहारिक पहलुओं पर प्रेरणादायक मार्गदर्शन दिया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री दीपक कुमार कश्यप, मुख्य अभियंता (मानव संसाधन एवं प्रशासन) ने अपने उद्बोधन में कहा कि “इस प्रकार के प्रशिक्षण कर्मचारियों में उत्तरदायित्व (Responsibility) और जवाबदेही (Accountability) की भावना को मजबूत करते हैं, जिससे कार्य निष्पादन की गुणवत्ता में सुधार होता है।”
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि श्री एस. के. जैन, अतिरिक्त मुख्य अभियंता ने टीम वर्क को मज़बूत करने की आवश्यकता पर ज़ोर देते हुए कहा कि संगठनों की सफलता में समन्वित प्रयासों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है।
कंपनी के प्रबंध संचालक श्री मनजीत सिंह ने ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों की निरंतरता पर बल देते हुए कहा कि “व्यक्तिगत और व्यावसायिक विकास के लिए इस तरह के कार्यक्रम आवश्यक हैं और इन्हें समय-समय पर आयोजित किया जाना चाहिए।”
निदेशकगण श्री सुबोध निगम एवं श्री मिलिंद भदककर ने प्रशिक्षण कार्यक्रम की सफलता पर कंपनी के प्रशिक्षण प्रकोष्ठ को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
कार्यक्रम का संचालन सुश्री वर्तिका गुरबानी, कार्मिक अधिकारी द्वारा किया गया। आयोजन की सफलता में श्रीमती खुशबू शर्मा, महाप्रबंधक (मानव संसाधन) की प्रमुख भूमिका रही।
डॉ. अशोक तिवारी, अधीक्षण अभियंता (प्रशिक्षण) ने सभी प्रतिभागियों से आह्वान किया कि वे इस प्रशिक्षण में प्राप्त सुझावों एवं ज्ञान को अपने दैनिक कार्य एवं जीवन में लागू करें। उन्होंने सभी के प्रति आभार भी व्यक्त किया।
कार्यक्रम की व्यवस्था में रीनू, निशा, मुस्कान, तुलाराम एवं मनीष का सराहनीय सहयोग रहा।
